केंद्र सरकार पर UPA सरकार की उपलब्धि मिटाने के प्रयास का आरोप
जिलाध्यक्ष चिराग फर्त्याल के नेतृत्व में लोहाघाट में किया प्रदर्शन
देवभूमि टुडे
चंपावत/लोहाघाट। मनरेगा (महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना) का नाम और कई प्रावधान बदलने पर कांग्रेस कार्यकर्ता गुस्से में है। जिलाध्यक्ष चिराग फर्त्याल के नेतृत्व में लोहाघाट में प्रदर्शन कर विरोध जताया। चेतावनी दी कि अगर नाम में संशोधन वापस नहीं लिया, तो आंदोलन किया जाएगा।
आज 17 दिसंबर को कांग्रेस जिलाध्यक्ष चिराग फत्र्याल के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने गांधी चौक में धरना दिया और प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि 2005 से शुरू मनरेगा देश के ग्रामीण गरीबों को रोजगार उपलब्ध कराने की एक ऐतिहासिक योजना है। इसका नाम और प्रारूप बदलना UPA सरकार की उपलब्धि को मिटाने का प्रयास है। उन्होंने कहा कि मनरेगा ने ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर दिए हैं। जिससे करोड़ों लोगों को आजीविका मिल रही
है, लेकिन भाजपा सरकार ने इसका नाम और प्रारुप बदलकर ग्रामीण जनता के साथ छलावा किया है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार अपना फैसला वापस नहीं लेती है, तो कांग्रेस सड़कों पर उतरकर आंदोलन के लिए बाध्य होगी। धरने में शैलेंद्र राय, लोकेश पांडेय, पवन ढेक, राहुल कुमार, कल्याण सिंह अधिकारी, प्रहलाद सिंह बिष्ट, सुरेंद्र सिंह ढेक, गोविंद सिंह, अजय गोरखा, अनिल कुमार, सुभाष ढेक, रोहित सिंह बिष्ट, सचिन सिंह माहरा, हरीश राय, नवीन करायत, जीवन बिष्ट, ललित साह, सोनम सिंह बोहरा आदि शामिल थे।
© 2026. All Rights Reserved.