नेपाल सीमा से लगे वाइब्रेंट गांव तरकुली में 5 दिनी मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न
तरकुली, रियासी, आमड़ा एवं बरकुम के राजकीय विद्यालयों के विद्यार्थियों को वॉलीबॉल, फुटबॉल, क्रिकेट किट, कैरम बोर्ड, शतरंज सहित विभिन्न खेल सामग्रियां भी दी
देवभूमि टुडे
चंपावत। नेपाल सीमा से लगे वाइब्रेंट गांव तरकुली में 5 दिवसीय मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न हो गया। SSB (सशस्त्र सीमा बल) की पंचम वाहिनी के कमांडेंट सुरेंद्र विक्रम के दिशा-निर्देशन में नागरिक कल्याण कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित इस प्रशिक्षण का उद्देश्य सीमांत एवं ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं, महिलाओं एवं कृषकों को मशरूम उत्पादन की आधुनिक एवं वैज्ञानिक तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण देकर स्वरोजगार एवं आय बढ़ाने के लिए प्रेरित करना था। समापन मौके पर प्रशिक्षण पूर्ण करने वाले किसानों को प्रमाणपत्र वितरित किए गए।






SSB के सहायक कमांडेंट (संचार) नवीन कुमार के संचालन में हुए कार्यक्रम में संकल्प फाउंडेशन चंपावत के प्रशिक्षकों ने मशरूम उत्पादन की वैज्ञानिक विधि, कंपोस्ट निर्माण, स्पॉन उपयोग, फसल प्रबंधन, रोग एवं कीट नियंत्रण, कटाई, पैकेजिंग संबंधी जानकारी दी गई। साथ ही तरकुली समवाय के अधीन आने वाले वाइब्रेंट गांव तरकुली के अलावा रियासी, आमड़ा एवं बरकुम के राजकीय विद्यालयों के विद्यार्थियों को वॉलीबॉल, फुटबॉल, क्रिकेट किट, कैरम बोर्ड, शतरंज सहित विभिन्न खेल सामग्रियां दी गई। इस कार्यक्रम का उद्देश्य सीमावर्ती क्षेत्र के बच्चों एवं युवाओं को खेल के प्रति प्रोत्साहित कर उनमें अनुशासन, टीम भावना और सेहतमंद जीवनशैली के प्रति जागरूक करना था।
स्थानीय ग्रामीणों ने इस जन कल्याणकारी पहल को उपयोगी बताते हुए SSB के प्रति आभार जताया। कहा कि कौशल विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम एवं खेल सामग्री का वितरण क्षेत्र के ग्रामीणों, विशेषकर युवाओं एवं महिलाओं को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
© 2026. All Rights Reserved.