
तमाम कवायदों के बावजूद टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्वांला से नहीं हट पा रहा है मलबा
टनकपुर-चंपावत के बीच वैकल्पिक रूट के रूप में अमोड़ी-पाली-घुरचम-सिप्टी मार्ग से कराया जा रहा वाहनों का आवागमन
SP अजय गणपति ने स्वांला क्षेत्र का मुआयना कर सुरक्षा इंतजामातों का जायजा लिया
देवभूमि टुडे
चंपावत। टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग लगातार तीसरे दिन 31 अगस्त को भी बंद है। चंपावत से करीब 22 किलोमीटर दूर स्वांला में आ रहे मलबे ने इस रास्ते की अड़चनें बढ़ाई हैं। वहीं कल 30 अगस्त की शाम पुलिस अधीक्षक अजय गणपति ने भी स्वांला क्षेत्र का मुआयना करते हुए रोड को जल्द से जल्द खोलने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने यात्रियों की सुरक्षा के लिए सभी जरूरी कदम उठाने के पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए।
स्वांला में मलबा आने से टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग 29 अगस्त की सुबह से बंद है। यह रोड 29 अगस्त की शाम 4.20 बजे सिर्फ 25 मिनट के लिए खुली। तबसे अब तक NH का टनकपुर-चंपावत के बीच वाहनों का आवागमन बंद है। अधिशासी अभियंता दीपक कुमार जोशी का कहना है कि मलबे को हटाने के लिए जेसीबी और पोकलेन लगातार काम कर रही है, लेकिन लगातार प्रयासों के बावजूद पहाड़ी से निरंतर गिर रहे पत्थर और मलबे की वजह से मार्ग को खोलने में दिक्कतें आ रही हैं।
SDM अनुराग आर्य दल-बल के साथ मौके पर मौजूद रह काम की मॉनीटरिंग कर रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि टनकपुर-चंपावत के बीच वैकल्पिक रूट के रूप में अमोड़ी-पाली-घुरचम-सिप्टी मार्ग से हल्के वाहनों का आवागमन कराया जा रहा है।
चंपावत जिले की बारिश का बीते 24 घंटे का आंकड़ा (मिलीमीटर में):
चंपावत: 3, लोहाघाट: 12, पाटी: 6, टनकपुर: 47.60 और बनबसा:160
पुलिस की आम नागरिकों से अपील:
अनावश्यक यात्रा से बचें।
अति आवश्यक स्थिति में ही यात्रा करें और प्रस्थान से पूर्व मार्ग की स्थिति की जानकारी अवश्य प्राप्त करें।
वर्षा और भूस्खलन वाले क्षेत्रों में सतर्क रहें।
आपातकालीन संपर्क नंबर: पुलिस कंट्रोल रूम:-112, 9411112984, 05965,230276
आपदा कंट्रोल रूम: 7895318895






